उत्तर नारी डेस्क
श्रीनगर से लापता हुई एक युवती को पौड़ी पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हिमाचल प्रदेश से सकुशल बरामद कर लिया। पुलिस की इस सफलता से जहां परिजनों ने राहत की सांस ली, वहीं “ऑपरेशन स्माइल” अभियान की प्रभावशीलता भी एक बार फिर सामने आई है।
मामला 10 मार्च 2026 का है, जब श्रीनगर निवासी एक व्यक्ति ने कोतवाली श्रीनगर में अपनी पुत्री के अचानक लापता होने की शिकायत दर्ज कराई। परिजनों के अनुसार, युवती बिना किसी को बताए घर से कहीं चली गई थी। परिवार ने अपने स्तर पर काफी खोजबीन की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं लग पाया।
शिकायत मिलते ही पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल खोजबीन शुरू कर दी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सर्वेश पंवार के निर्देश पर “ऑपरेशन स्माइल” के तहत विशेष टीम का गठन किया गया। प्रभारी निरीक्षक कुलदीप सिंह के नेतृत्व में टीम ने तकनीकी और मैनुअल दोनों स्तरों पर सघन जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने स्थानीय सूचनाएं जुटाईं, संभावित स्थानों पर तलाश की और सीसीटीवी फुटेज का गहन विश्लेषण किया। लगातार प्रयासों के बाद मिले सुरागों के आधार पर पुलिस टीम हिमाचल प्रदेश पहुंची, जहां से युवती को सकुशल बरामद कर लिया गया।
पूछताछ में युवती ने बताया कि वह श्रीनगर में किराए पर रहकर पढ़ाई कर रही थी और व्यक्तिगत कारणों तथा मानसिक तनाव के चलते बिना किसी को बताए घर छोड़कर हिमाचल प्रदेश चली गई थी।
बरामदगी के बाद पुलिस ने युवती और उसके परिजनों की काउंसलिंग कराई और फिर उसे सुरक्षित रूप से परिवार के सुपुर्द कर दिया।
इस पूरे प्रकरण में महिला उपनिरीक्षक भावना भट्ट, कांस्टेबल संतराम चौहान और कांस्टेबल हरीश (सीआईयू कोटद्वार) की अहम भूमिका रही।
पुलिस की इस त्वरित और संवेदनशील कार्रवाई ने न सिर्फ एक परिवार को बड़ी चिंता से मुक्त किया, बल्कि यह भी दिखाया कि यदि समय पर सूचना दी जाए तो गुमशुदा मामलों में तेजी से सफलता पाई जा सकती है।
%20%20dt.22%20to%2026%20January,%202026%20(Republic%20Day).jpg)
%20UCC%20%20dt.%2027%20January,%202026%20to%2021%20February,%202026.jpeg)
