उत्तर नारी डेस्क
राज्य में आज आपातकालीन सूचना प्रसारण प्रणाली की जांच के लिए एक महत्वपूर्ण परीक्षण किया जा रहा है।
आज सेल ब्रॉडकास्टिंग सिस्टम के माध्यम से लोगों के मोबाइल फोन पर एक टेस्ट अलर्ट भेजा जाएगा। प्रशासन ने साफ किया है कि यह केवल एक परीक्षण संदेश है, इसलिए घबराने की बिल्कुल जरूरत नहीं है।
राज्य आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार, इस टेस्ट का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी आपदा की स्थिति में चेतावनी संदेश समय पर और अधिक से अधिक लोगों तक पहुंच सके।
अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस संदेश को केवल टेस्ट के रूप में लें और किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें।
आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विभाग के सचिव विनोद कुमार सुमन ने बताया कि राज्य में पूर्व चेतावनी प्रणाली को मजबूत बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। यह प्रणाली राष्ट्रीय स्तर पर विकसित की जा रही है, जिससे मौसम और आपदा से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी समय रहते लोगों तक पहुंचाई जा सके।
यह परीक्षण विभिन्न मोबाइल नेटवर्क के माध्यम से किया जाएगा, जिससे यह आकलन किया जा सके कि अलर्ट कितनी तेजी और सटीकता से लोगों तक पहुंच रहा है।
प्रशासन ने यह भी कहा है कि भविष्य में जब वास्तविक आपदा अलर्ट जारी किए जाएंगे, तो उन्हें गंभीरता से लेना बेहद जरूरी होगा।
परीक्षण के दौरान जो संदेश आपके मोबाइल पर आएगा, उसमें साफ लिखा होगा कि यह केवल एक टेस्ट है और इस पर किसी प्रकार की कार्रवाई की आवश्यकता नहीं है।
तो अगर आज आपके मोबाइल पर कोई अलर्ट आता है, तो घबराएं नहीं—यह सिर्फ एक परीक्षण है।

